पंचांग 4 मई 1995

तिथि और स्थान चुनें — सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक तिथि, नक्षत्र, योग, करण, राहु काल और चौघड़िया। गणना आपके फ़ोन पर ही होती है।

स्थान
तिथि (तारीख)

4 मई 1995 · गुरुवार

पुणे — Pune, Maharashtra · समय इस स्थान के समय-क्षेत्र में (Asia/Kolkata)

इस महीने का पंचांग (कैलेंडर)
सूर्योदय06:06
सूर्यास्त18:56
चंद्रोदय09:28
चंद्रास्त22:45
मास:
वैशाख (अमांत)
संवत:
शक 1917 · विक्रम (चैत्रादि) 2052
संवत्सर:
युवा (शक-आधारित, महाराष्ट्र/दक्षिण परंपरा)
ऋतु · अयन:
वसंत · उत्तरायण
सूर्य राशि:
मेष
चंद्र राशि:
मिथुन

पंचांग के अंग — सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक

वार
गुरुवार
तिथि
शुक्ल चतुर्थी 08:42 तक, फिर शुक्ल पंचमी 11:04 (5 मई) तक
नक्षत्र
मृगशीर्ष 07:10 तक, फिर आर्द्रा 10:06 (5 मई) तक
योग
सुकर्मा 20:51 तक, फिर धृति 21:39 (5 मई) तक
करण
विष्टि 08:42 तक, फिर बव 21:55 तक, फिर बालव 11:04 (5 मई) तक

मुहूर्त-काल

  • अभिजित मुहूर्त12:05 – 12:57
  • राहु काल14:07 – 15:44
  • यमगंड06:06 – 07:42
  • गुलिक काल09:18 – 10:55

राहु काल, यमगंड और गुलिक परंपरा में नए शुभ कार्य के आरंभ के लिए टाले जाने वाले काल हैं — रोज़ के काम के लिए डरने का कारण नहीं।

चौघड़िया

दिन

  • शुभ(शुभ)06:06 – 07:42
  • रोग(वर्जित (परंपरा))07:42 – 09:18
  • उद्वेग(वर्जित (परंपरा))09:18 – 10:55
  • चर(सामान्य)10:55 – 12:31
  • लाभ(शुभ)12:31 – 14:07
  • अमृत(शुभ)14:07 – 15:44
  • काल(वर्जित (परंपरा))15:44 – 17:20
  • शुभ(शुभ)17:20 – 18:56

रात

  • अमृत(शुभ)18:56 – 20:20
  • चर(सामान्य)20:20 – 21:44
  • रोग(वर्जित (परंपरा))21:44 – 23:07
  • काल(वर्जित (परंपरा))23:07 – 00:31 (5 मई)
  • लाभ(शुभ)00:31 (5 मई) – 01:54 (5 मई)
  • उद्वेग(वर्जित (परंपरा))01:54 (5 मई) – 03:18 (5 मई)
  • शुभ(शुभ)03:18 (5 मई) – 04:41 (5 मई)
  • अमृत(शुभ)04:41 (5 मई) – 06:05 (5 मई)

पुस्तक: पंचांग स्थान, सूर्योदय, समय-क्षेत्र और अयनांश पर निर्भर है — संस्कार, पर्व या मुहूर्त के लिए प्रकाशित स्थानीय पंचांग से समय सत्यापित करें।

निरयन लाहिड़ी अयनांश; सूर्योदय-सूर्यास्त सूर्य-बिंब के ऊपरी किनारे से, वायुमंडलीय अपवर्तन सहित। प्रकाशित पंचांगों से 1–2 मिनट का अंतर संभव।

पुस्तक में:अध्याय 3 · जन्म-विवरण से कुंडली कैसे बनती है · पृष्ठ 22

अपनी कुंडली देखें